More stories

  • in

    आस्था और उल्लास का केंद्र है नांदेड का माहुर गाँव

    माहौर के नाम से जाना जाने वाला माहुर गाँव महाराष्ट्र के मराठवाडा क्षेत्र में नांदेड जिले के किनवट शहर से 40 किमी उत्तर पश्चिम में बसा है | पहले माहौर एक बड़ा शहर था और दक्षिणी बरार का एक राज्य भी | यहा सह्याद्री पहाडियों के पूर्वी छोर पर एक बहुत पुराना किला जिसे माहुर […] More

  • in

    सभी को शुभफलदायक नव विक्रमी संवत २०७४ | Vikram Samvat 2074

    हर साल चैत्र मास शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा से ही विक्रमी संवत शुरु होता है तथा इस बार नये विक्रमी संवत 2074 का शुभारम्भ चैत्र मॉस की तिथि 15 अर्थात 28 मार्च मंगलवार हो होगा | विक्रमी संवत 2073 के चैत्र मॉस की अमावस की समाप्ति प्रात: 8 बजकर 27 मिनट पर होगी तथा उसी […] More

  • in

    महाशिवरात्रि पर भोले बाबा की पूजा कैसे करे ? | Mahashivratri Pooja Vidhi in Hindi

    Mahashivratri Pooja Vidhi in Hindi हमारे शास्त्रों में शिवरात्रि (Mahashivratri) सर्वधर्ममयी है | फाल्गुन मॉस की कृष्ण पक्ष की चतुर्द्र्शी को श्री महाशिवरात्रि व्रत (Mahashivratri Vrat) किया जाता है इस बार यह व्रत 24 फरवरी यानि कल है | इसी रात्रि को भगवान शिव आदि देव महादेव कोटि सूर्य के समान दीप्ती होकर शिवलिंग के रूप […] More

  • in

    Vasant Panchami Essay in Hindi | देवी सरस्वती को समर्पित वसंत पंचमी

    Vasant Panchami Essay in Hindi विश्व भे में भारत एक ऐसा देश है जहा प्रकृति के विस्तृत रंगमंच पर वर्ष में छ: ऋतुये क्रम में आती है और एक अनोखा दृश्य दिखाकर चली जाती है | सर्वप्रथम आगमन होता है वसंत ऋतू का ,जिसे पुराणों में कामदेव का पुत्र बताया गया है रूप सौन्दर्य के […] More

  • in

    देवी सरस्वती को समर्पित वसंत पंचमी | Vasant Panchami Essay in Hindi

    विश्व भे में भारत एक ऐसा देश है जहा प्रकृति के विस्तृत रंगमंच पर वर्ष में छ: ऋतुये क्रम में आती है और एक अनोखा दृश्य दिखाकर चली जाती है | सर्वप्रथम आगमन होता है वसंत ऋतू का ,जिसे पुराणों में कामदेव का पुत्र बताया गया है रूप सौन्दर्य के देवता कामदेव के घर पुत्रोत्पत्ति […] More

  • in

    भारत के सुप्रसिद्ध भैरव मन्दिर | Famous Bhairav Temples History in Hindi

    कालो में काल महाकाल अर्थात महाकालेश्वर भगवान शिव महादेव है | वह लिंग रूप में निराकार ब्रह्म के द्योतक है और सर्वत्र विराजमान है | भुतभावन भगवान भैरव को शिव का अवतार माना गया है अत: वह शिव स्वरूप ही है और उनके साकार रूप है | भैरव सम्पूर्णत: परात्पर शंकर ही है | भैरव […] More